• 6/23/2018

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नकली दूध की बिक्री पर पाबंदी को लेकर 3 विभाग करेंगे संयुक्त कार्रवाई: ब्रह्म मोहिंद्रा

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Dr. Kumar

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5/30/2018 9:17:40 PM

चंडीगढ़ 30 मई। नकली दूध और दूध से बनने वाले उत्पादों की बिक्री और उत्पादन पर पाबंदी लगाने के लिए पंजाब सरकार के 3 मुख्य विभाग संयुक्त रूप में राज्य के नागरिकों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वाले दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्यवाई करेंगे और स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग, सहकारिता विभाग और डेयरी विकास विभाग द्वारा नकली दूध और इससे बनने वाले उत्पादों की बिक्री को नकेल डालने के लिए मिलकर काम करेंगे। यह जानकारी देते हुए आज यहां पंजाब के स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री ब्रह्म मोहिंद्रा ने कहा कि इस संबंधी फ़ैसला आज यहां उनके कार्यालय में हुई एक उच्च स्तरीय मीटिंग में लिया गया। इस मीटिंग की अध्यक्षता ब्रह्म मोहिंद्रा ने की और इसमें सहकारिता मंत्री स. सुखजिंदर सिंह रंधावा और डेयरी विकास मंत्री स. बलबीर सिंह सिद्धू ने भी शिरकत की। ब्रह्म मोहिंद्रा ने कहा कि मीटिंग में तय अनुसार स्वास्थ्य विभाग, सहकारिता और डेयरी विकास विभाग के अफसरों की जिला स्तरीय टीमें बनाईं जाएंगी जो कि दूध बेचने वालों, दूध इकट्ठा करने वाले केन्द्रों और दूध पदार्थ बनाने और बेचने वाले उत्पादकों की अचानक चैकिंग करेंगी। उन्होंने यह भी बताया कि दूध के नमूने भर कर मौके पर ही उनकी जांच की जायेगी और कोई कमी पाए जाने पर फूड सेफ्टी एक्ट के प्रावधानों के अंतर्गत सख्त कार्यवाई की जायेगी। उन्होंने और जानकारी दी कि ज़रूरत पडऩे पर मौके पर ही दोषियों के खि़लाफ़ एफ.आई.आर दजऱ् की जायेगी। उन्होंने आगे कहा कि चैकिंग करने वाली टीमों के साथ पुलिस अधिकारी भी तैनात किये जाएंगे।  मंत्री ने कहा कि दूध और इसके उत्पादों के नमूनों की चैकिंग के लिए डेयरी विकास और स्वास्थ्य विभाग की टेस्टिंग वैने संबंधित स्थानों पर जल्द ही पहुंचाई जाएंगी। ब्रह्म मोहिंद्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री पंजाब कैप्टन अमरिंदर सिंह मिलावटी दूध और अन्य दूध पदार्थों से संबंधित रिपोर्टों से चिंतित हैं और उनके द्वारा नकली दूध, मिलावटी आईस क्रीम, दूध पदार्थ, बेकरी आदि से मिलने वाले भोजन पदार्थों की ग़ैर कानूनी बिक्री को रोकने के लिए स्वास्थ्य विभाग को संयुक्त रूप से मुहिम चलाने के अधिकार दिए गए हैं। उन्होंने कहा स्वास्थ्य विभाग ‘हरेक के लिए स्वास्थ्य’ विषय के अधीन राज्य के निवासियों को पौष्टिक और शुद्ध स्वास्थ्यमंद भोजन मुहैया करवाने के लिए वचनबद्ध है। मीटिंग में अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य विभाग, सतीश चंद्रा, अतिरिक्त मुख्य सचिव पशु पालन एवं डेयरी विकास, डा. जी. वजरालिंगम और अतिरिक्त मुख्य सचिव सहकारिता विभाग, डी.पी. रैडी भी मौजूद थे। मैनेजिंग डायरैक्टर (एम.डी.) मिलकफैड्ड मनजीत सिंह बराड़ के अलावा डेयरी विकास विभाग के डायरैक्टर, इन्द्रजीत सिंह और डायरैक्टर पशु पालन विभाग अमरजीत सिंह भी उपस्थित थे।